‘लोग प्यार करते हैं’ गाने की शूटिंग में भूख से परेशान हो गई थीं प्रीति जिंटा, अभिनेत्री ने सुनाया दिलचस्प किस्सा
बॉलीवुड अभिनेत्री प्रीति जिंटा अपनी चुलबुली मुस्कान और जीवंत व्यक्तित्व के लिए जानी जाती हैं। फिल्मी पर्दे पर हमेशा ऊर्जा से भरी नजर आने वाली प्रीति ने हाल ही में अपने करियर के शुरुआती दिनों से जुड़ा एक दिलचस्प किस्सा साझा किया। उन्होंने बताया कि ‘लोग प्यार करते हैं’ गाने की शूटिंग के दौरान एक समय ऐसा आ गया था जब वे भूख से बेहद परेशान हो गई थीं। अभिनेत्री का यह अनुभव अब सोशल मीडिया और बॉलीवुड प्रेमियों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है।
प्रीति ने याद करते हुए बताया कि उस समय शूटिंग का कार्यक्रम काफी व्यस्त था। लगातार टेक, डांस रिहर्सल और लंबे इंतजार के कारण उन्हें ठीक से खाना खाने का समय नहीं मिल पा रहा था। शुरुआत में उन्होंने सोचा कि थोड़ी देर बाद खाना मिल जाएगा, लेकिन शूटिंग का सिलसिला चलता रहा और घंटों बीत गए। धीरे-धीरे उन्हें तेज भूख लगने लगी।
अभिनेत्री ने बताया कि कैमरे के सामने मुस्कुराते हुए प्रदर्शन करना और अंदर से भूख महसूस करना बिल्कुल अलग अनुभव था। वे पेशेवर जिम्मेदारी निभाते हुए शूटिंग जारी रखे हुए थीं, लेकिन शरीर थकने लगा था। उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा कि उस समय उन्हें डायलॉग से ज्यादा खाने की चिंता होने लगी थी।
प्रीति के अनुसार फिल्म की शूटिंग हमेशा उतनी ग्लैमरस नहीं होती जितनी पर्दे पर दिखाई देती है। कई बार कलाकारों को तेज धूप, लंबी रातों, भारी कॉस्ट्यूम और लगातार काम के बीच घंटों तक सेट पर रहना पड़ता है। उन्होंने कहा कि दर्शक जो कुछ मिनटों का गाना देखते हैं, उसके पीछे कई दिनों की मेहनत छिपी होती है।
उन्होंने यह भी बताया कि जब यूनिट के कुछ सदस्यों को उनकी हालत का एहसास हुआ तो तुरंत खाने की व्यवस्था की गई। खाना मिलने के बाद उन्हें काफी राहत मिली और फिर वे पूरी ऊर्जा के साथ शूटिंग में लौट आईं। प्रीति ने कहा कि उस दिन उन्हें समझ आया कि शूटिंग के दौरान समय पर खाना और पानी कितना जरूरी होता है।

यह किस्सा सुनाते हुए अभिनेत्री हंस भी रही थीं। उन्होंने कहा कि आज जब वे उस घटना को याद करती हैं तो मुस्कान आ जाती है, लेकिन उस समय स्थिति सचमुच कठिन थी। उन्होंने यह भी माना कि करियर के शुरुआती दौर में कलाकार कई बार अपनी जरूरतों पर ध्यान देने के बजाय काम को प्राथमिकता देते हैं।
बॉलीवुड में लंबे शूटिंग शेड्यूल कोई नई बात नहीं हैं। एक गाने की शूटिंग में लोकेशन बदलना, कैमरा सेटअप, लाइटिंग, कॉस्ट्यूम बदलाव और डांस रिहर्सल जैसी प्रक्रियाएं काफी समय लेती हैं। कई बार कलाकारों को सुबह से देर रात तक काम करना पड़ता है। प्रीति का अनुभव इसी मेहनत भरे फिल्मी माहौल की झलक देता है।
फिल्म उद्योग से जुड़े लोगों का कहना है कि आजकल सेट पर कलाकारों की सुविधा, पोषण और स्वास्थ्य पर पहले की तुलना में अधिक ध्यान दिया जाता है। नियमित ब्रेक, हेल्दी भोजन और फिटनेस सपोर्ट अब कई बड़े प्रोडक्शंस का हिस्सा बन चुके हैं। हालांकि पुराने दौर में परिस्थितियां कई बार अधिक चुनौतीपूर्ण होती थीं।
प्रीति जिंटा ने अपने करियर में अनेक सफल फिल्मों में काम किया है और वे 1990 तथा 2000 के दशक की सबसे लोकप्रिय अभिनेत्रियों में शामिल रही हैं। उनकी सहज अभिनय शैली और सकारात्मक ऊर्जा ने उन्हें दर्शकों का पसंदीदा बनाया। यही कारण है कि उनके पुराने अनुभव और शूटिंग से जुड़े किस्से आज भी लोग दिलचस्पी से सुनते हैं।
सोशल मीडिया पर प्रशंसकों ने इस घटना पर मजेदार प्रतिक्रियाएं दी हैं। कई लोगों ने लिखा कि “स्टार भी आखिर इंसान ही होते हैं।” कुछ ने कहा कि फिल्मी दुनिया की चमक के पीछे कितनी मेहनत होती है, यह ऐसे किस्सों से समझ आता है। कई प्रशंसकों ने प्रीति की ईमानदारी और हास्यभाव की भी तारीफ की।
मनोरंजन विशेषज्ञों का मानना है कि सेलिब्रिटी जब अपने संघर्ष और वास्तविक अनुभव साझा करते हैं, तो दर्शकों को उनके व्यक्तित्व का मानवीय पक्ष देखने को मिलता है। इससे सितारों और प्रशंसकों के बीच जुड़ाव भी बढ़ता है। प्रीति का यह किस्सा भी उसी तरह का अनुभव माना जा रहा है।
अभिनेत्री ने बातचीत के दौरान यह संदेश भी दिया कि काम कितना भी महत्वपूर्ण क्यों न हो, स्वास्थ्य को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। समय पर भोजन, पर्याप्त पानी और आराम किसी भी पेशे में उतने ही जरूरी हैं जितनी मेहनत और समर्पण। उन्होंने कहा कि अब वे शूटिंग के दौरान अपने स्वास्थ्य का पहले से अधिक ध्यान रखती हैं।
फिल्मी गानों की शूटिंग को दर्शक अक्सर केवल मनोरंजन के रूप में देखते हैं, लेकिन कलाकारों के लिए वह शारीरिक और मानसिक रूप से काफी मेहनत वाला काम हो सकता है। लगातार डांस करना, चेहरे पर ऊर्जा बनाए रखना और कैमरे के लिए बार-बार वही दृश्य दोहराना आसान नहीं होता। प्रीति का अनुभव इसी मेहनत को उजागर करता है।
कुल मिलाकर, ‘लोग प्यार करते हैं’ गाने की शूटिंग से जुड़ा प्रीति जिंटा का यह किस्सा बॉलीवुड के पर्दे के पीछे की दुनिया की एक दिलचस्प झलक पेश करता है। भूख से परेशान होने जैसी सामान्य मानवीय स्थिति को उन्होंने जिस सहजता और हास्य के साथ साझा किया, उसने प्रशंसकों को उनसे और करीब महसूस कराया है। यह कहानी याद दिलाती है कि फिल्मी चमक-दमक के पीछे कलाकारों की कड़ी मेहनत, अनुशासन और कई बार छोटे-छोटे संघर्ष भी छिपे होते हैं।
